कम बारिश के बावजूद किसानों को सिंचाई राहत देने में जुटा सिंचाई विभाग, 90 टेल तक पहुंचा नहर का पानी

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सहारा जीवन न्यूज़
116 मिमी के सापेक्ष अब तक मात्र 35 मिमी वर्षा, लगभग 70 हजार हेक्टेयर क्षेत्र की सिंचाई का जिम्मा संभाल रहा विभाग
अमेठी। जनपद में सामान्य से काफी कम वर्षा होने के बावजूद सिंचाई विभाग किसानों को राहत पहुंचाने के लिए लगातार प्रयासरत है। शारदा सहायक खंड-41 के अधिशासी अभियंता मनीष रंजन ने बताया कि जनपद में अब तक 116 मिमी सामान्य वर्षा के सापेक्ष केवल 35 मिमी वर्षा ही दर्ज की गई है। इसके चलते खरीफ फसलों, विशेषकर धान की रोपाई प्रभावित हो रही है। ऐसे में विभाग नहरों के माध्यम से किसानों तक सिंचाई का पानी पहुंचाने के लिए युद्धस्तर पर कार्य कर रहा है।
उन्होंने बताया कि वर्तमान में जनपद में 310 टेल फीड के सापेक्ष 90 टेल फीड तक नहर का पानी पहुंचाया जा चुका है, जिससे बड़ी संख्या में किसानों को सिंचाई सुविधा मिल रही है। विभाग का प्रयास है कि जल्द से जल्द अधिक से अधिक टेल तक पानी पहुंचाकर किसानों की फसलों को सूखे के प्रभाव से बचाया जा सके।
अधिशासी अभियंता ने बताया कि अमेठी जनपद की सिंचाई व्यवस्था का संचालन शारदा सहायक खंड-49 सुल्तानपुर, शारदा सहायक खंड-41 अमेठी, शारदा सहायक खंड-28 हैदरगढ़, शारदा सहायक खंड-45 रायबरेली, शारदा सहायक खंड-51 प्रतापगढ़ तथा सिंचाई खंड सुल्तानपुर के संयुक्त प्रयासों से किया जाता है। इन सभी खंडों के माध्यम से जनपद के लगभग 70 हजार हेक्टेयर कृषि क्षेत्र को सिंचाई सुविधा उपलब्ध कराई जाती है। उन्होंने बताया कि जनपद में 477 किलोमीटर लंबी राजबहाएं तथा 908 किलोमीटर लंबी माइनर नहरें हैं। इस प्रकार लगभग 1,400 किलोमीटर लंबे नहर नेटवर्क के माध्यम से किसानों के खेतों तक पानी पहुंचाया जाता है। इसके अतिरिक्त जिले में जायस नहर प्रणाली 58 किलोमीटर, इन्हौना नहर प्रणाली 42 किलोमीटर, सिंहपुर नहर प्रणाली 20 किलोमीटर, अमेठी रजबहा नहर प्रणाली 40 किलोमीटर तथा टिकरी रजबहा नहर प्रणाली 49 किलोमीटर लंबाई में संचालित है, जिनके माध्यम से विभिन्न क्षेत्रों में सिंचाई व्यवस्था को सुचारु रखा जा रहा है।मनीष रंजन ने बताया कि विभाग द्वारा नहरों की नियमित निगरानी की जा रही है। जहां कहीं भी अवरोध अथवा तकनीकी समस्या सामने आ रही है, वहां तत्काल सुधारात्मक कार्रवाई कर पानी का प्रवाह सुचारु कराया जा रहा है। उन्होंने किसानों से अपील की कि यदि किसी क्षेत्र में नहर या माइनर में पानी न पहुंचे तो संबंधित सिंचाई विभाग के अधिकारियों को तत्काल सूचना दें, ताकि समस्या का शीघ्र समाधान कराया जा सके।उन्होंने कहा कि सीमित जल उपलब्धता और कम वर्षा के बावजूद सिंचाई विभाग किसानों को अधिकतम राहत प्रदान करने के लिए पूरी तत्परता एवं प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रहा है। विभाग का लक्ष्य है कि खरीफ सीजन में किसानों को समय पर सिंचाई का पानी उपलब्ध कराकर फसलों को सूखे के प्रभाव से बचाया जा सके।
Sahara Jeevan
Author: Sahara Jeevan

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