फसल विविधता से बढ़ेगा किसानों का उत्पादन और आय: जिलाधिकारी अभिषेक आनंद

SHARE:

सीतापुर | सहारा जीवन न्यूज़ ब्यूरो जिलाधिकारी अभिषेक आनंद की अध्यक्षता में सीतापुर कलेक्ट्रेट सभागार में जनपद स्तरीय खरीफ उत्पादकता गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस गोष्ठी में कृषि से जुड़े विभिन्न विभागों द्वारा स्टॉल और प्रदर्शनियों के माध्यम से किसानों को उन्नत तकनीकों और योजनाओं की जानकारी दी गई।

कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी निधि बंसल सहित जनपद स्तरीय सभी संबंधित अधिकारी मौजूद रहे। कृषि वैज्ञानिक श्री दयाशंकर श्रीवास्तव (कृषि विज्ञान केंद्र कटिया मानपुर) ने खरीफ 2025 के लिए फसलों की बुवाई से पूर्व खेत की तैयारी, जैविक और रासायनिक विधियों, तथा रोग एवं कीट प्रबंधन की तकनीकों को विस्तार से किसानों के समक्ष रखा।

जैविक खेती को बढ़ावा देने पर ज़ोर

किसानों को जैविक विधियों के प्रयोग के लिए प्रोत्साहित करते हुए वैज्ञानिकों ने बताया कि जैविक कीटनाशकों और उर्वरकों के प्रयोग से न केवल मिट्टी की गुणवत्ता सुधरेगी, बल्कि मित्र कीटों के संरक्षण से फसलें भी स्वस्थ रहेंगी। किसानों को बायो एन.पी.के. के प्रयोग के लिए भी प्रेरित किया गया।

खरीफ तैयारी में सभी विभागों की सक्रिय भूमिका

सिंचाई, नलकूप, पशुपालन, गन्ना, उद्यान, और भूमि संरक्षण विभागों ने खरीफ 2025 की तैयारियों की जानकारी दी और किसानों से सीधे संवाद किया। साथ ही प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना के प्रतिनिधि ने बताया कि प्राकृतिक आपदा या व्यक्तिगत क्षति की सूचना 72 घंटे के भीतर टोल फ्री नंबर या कृषि विभाग को देना अनिवार्य है।

सौर पंप और कृषि यंत्रों पर अनुदान

उप कृषि निदेशक ने बताया कि कृषि विभाग द्वारा सौर पंपों पर 60% और आधुनिक कृषि यंत्रों पर 50% तक का अनुदान दिया जा रहा है। किसान समय से पंजीकरण करा कर इनका लाभ उठा सकते हैं।

फसल विविधता अपनाने की अपील

जिलाधिकारी ने किसानों से अपील की कि वे परंपरागत खेती के साथ-साथ श्री अन्न, दलहनी और तिलहनी फसलों को अपनाएं। साथ ही उन्होंने बताया कि जिले में स्थापित फैक्ट्रियों में मक्का की भारी मांग है, जिससे उत्पादन बढ़ने पर किसानों को बेहतर मूल्य मिल सकता है।

 

Harshit Shrivastav
Author: Harshit Shrivastav

Sahara jeevan newspaper

Leave a Comment

Pelli Poola Jada Accessories
best news portal development company in india
सबसे ज्यादा पड़ गई